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तैल से सिक्त, वासना से लिपटी: एक ऐसी शाम जब इंशा और अर्सलान की देह ने बोली एक नई भाषा
आज सुबह जब मैंने अपने ऑफिस की खिड़की से डल झील की ओर देखा तो पानी पर पड़ती सूरज की किरणें चांदी की तरह चमक रही थीं। लेकिन मेरा दिमाग झील में नहीं, आज रात में था। पूरे हफ़्ते की थकान मेरे कंधों और कमर पर जमा हो गई थी, और अर्सलान ने कल ही…
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एक शाम, एक कोयला अंगार और तुम्हारी यादों में खोई हुई मेरी देह
मेरा नाम रिशि पाठक है और मैं वाराणसी में रहता हूँ। वो शहर जहाँ गंगा की लहरों और मंदिरों की घंटियों के बीच भी ज़िन्दगी का अपना एक अलग राग बजता है। मेरे लिए वाराणसी सिर्फ एक शहर नहीं, एक एहसास है। और उस एहसास ने एक नया रंग, एक नया स्वाद पाया, उस दिन…
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एक गर्म गुरुग्राम की रात और दो सााथी जिनकी कामुकता ने मुझे दीवाना बना दिया
मैं अर्जुन हूं। और यह कहानी है उस रात की, जब मैंने सोचा था कि सिर्फ एक आम वीकेंड ब्रंच होगी, लेकिन वह रात मेरी ज़िंदगी के सबसे दीवाने और मदहोश कर देने वाले अनुभव में बदल गई। मेरा नाम अर्जुन हूडा है और मैं गुरुग्राम के सेक्टर 56 में एक स्पोर्ट्स क्लब में टेनिस…
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जब जुबली पार्क में टकराई उसकी नज़र मेरी आँखों से
मैं, रयांश महतो, सुबह की ठंडी हवा में अपनी साँसों का धुआँ बनते हुए देख रहा था। जुबली पार्क की वह पुरानी पगडंडी, जहाँ से शहर का विशाल म्यूज़िकल फव्वारा दिखाई देता है, मेरा नियमित रास्ता था। यह वही समय था जब सूरज की पहली किरणें लाल रंग के गुलाबों पर पड़ती थीं और हवा…
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लेट नाइट ऑफिस की चुप्पी और एक ऐसा किस जिसने हमारी सारी दीवारें गिरा दीं
मेरा नाम विक्रम है और मैं नोएडा में रहता हूँ। मेरी ज़िंदगी एक ट्रैक पर दौड़ती थी – सुबह ऑफिस, शाम को घर, बीच में एक लंबा और थका देने वाला कम्यूट। यूपी के इस शहर की धूल-भरी हवा और भागमभाग भरी ज़िंदगी में मेरा एकमात्र स्टेशन था सेक्टर ५१ का मेट्रो स्टेशन, और उस…
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शिमला की ठंडी हवाओं में गर्म यादों का जादू: एक रात जब पुराने पड़ोसी नए रिश्ते में बदल गए
मेरा नाम कबीर है और मैं शिमला का रहने वाला हूँ। वो पहाड़, वो कोहरा, वो घुमावदार सड़कें – ये सब मेरी रग-रग में बसा है। लेकिन आज मैं जिस रात के बारे में लिख रहा हूँ, वो मेरी ज़िंदगी की सबसे यादगार रात थी। और इस कहानी की शुरुआत होती है अनन्या से, मेरी…
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अनजानी गलियों का दीवाना
मैंने आज ही दिल्ली से पटना का टिकट कटवाया था। कोच में बैठकर सोच रहा था, ये शहर मेरे लिए नया था। मेरा नाम आर्यन है, और मैं बी.टेक का छात्र हूँ। गर्मियों की छुट्टियाँ थीं, और मैं अपने कॉलेज के दोस्त, विक्रांत के साथ कुछ दिनों के लिए घूमने आया था। विक्रांत यहीं का…
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लॉज का वो भयानक सच जब उस लड़की को बहोतन रगड़ा
मैं जबलपुर के एक कॉलेज में पढ़ता था, और उस शहर की गर्मी में मेरी ज़िंदगी भी कुछ ऐसे ही तपती रहती थी। मेरा नाम आर्यन है, और मैं यहाँ इंजीनियरिंग कर रहा हूँ। क्लासेस, प्रोजेक्ट्स, और दोस्तों के साथ घूमना—यही मेरी दिनचर्या थी। लेकिन फिर एक दिन, मेरे इंस्टाग्राम पर एक रिक्वेस्ट आई। नाम…
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भीड़ के बीच एक गुप्त समझौता। मेरे शरीर में एक ऐसी आग जल उठी थी जो सालों से बुझी पड़ी थी।
मेरी ज़िंदगी देहरादून की उसी पुरानी कोठी में सिमटकर रह गई थी। रोज़ सुबह उठना, अरविंद के लिए चाय बनाना, उसका टिफिन तैयार करना, और फिर पूरा दिन चारदीवारी में बीत जाना। अरविंद अच्छा इंसान था, शायद बहुत अच्छा। लेकिन उसकी अच्छाई में एक ऐसी उबाऊ सुरक्षा थी जो मुझे धीरे-धीरे मार रही थी। हमारे…
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पति के साथ रोज़ाना की छेड़छाड़: पहले और अब
मेरी शादी के बाद पहला साल बिल्कुल वैसा नहीं था जैसा मैंने कल्पना की थी। बोपाल की गर्मी में, हमारा छोटा सा फ्लैट, जो सीहोर रोड पर था, अक्सर एक अजीब सी खामोशी से भर जाता था। अरविंद, मेरे पति, एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर थे, जिनकी दुनिया लैपटॉप के स्क्रीन और डेडलाइन्स तक सीमित लगती थी।…
